रायपुर: राजधानी रायपुर में अवैध निर्माण करने वालों के खिलाफ नगर पालिक निगम जोन-6 ने सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। चंद्रशेखर आजाद वार्ड क्रमांक 60 अंतर्गत रावतपुरा फेज-2 में बिना अनुमति व तय नियमों के विपरीत किए जा रहे निर्माण कार्य को लेकर नगर निगम प्रशासन ने ध्वस्तीकरण की अंतिम तैयारी पूरी कर ली है। जोन कार्यालय द्वारा संबंधित भवन निर्माता धन्नू सोनकर के खिलाफ लगातार वैधानिक प्रक्रिया अपनाते हुए अब कार्रवाई का अंतिम नोटिस थमा दिया गया है।

निगम अधिकारियों के अनुसार, उक्त स्थल पर बिना वैधानिक स्वीकृति के भू-तल पर धड़ल्ले से अवैध निर्माण कराया जा रहा था। मामले की गंभीरता को देखते हुए जोन-6 कार्यालय द्वारा पहले 19 जून को धारा 293(1)(2) व 302 के तहत काम रोकने का नोटिस दिया गया था। इसके बाद 02 जुलाई को धारा 307(2) ‘अ’ के तहत जवाब तलब किया गया, लेकिन निर्माणकर्ता की ओर से न तो संतोषजनक जवाब प्रस्तुत किया गया और न ही निर्माण कार्य रोका गया।लगातार हो रही अनदेखी के बाद जोन आयुक्त ने छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 307(3) के तहत अंतिम बेदखली व तोड़फोड़ नोटिस जारी कर दिया है। आदेश में स्पष्ट कहा गया है कि यदि 3 दिनों के भीतर संबंधित व्यक्ति द्वारा अवैध निर्माण को स्वयं नहीं हटाया गया, तो नगर निगम का अमला बिना किसी अतिरिक्त सूचना के मौके पर पहुंचकर निर्माण को जमींदोज कर देगा।

कार्रवाई की कड़ी में स्थल पर निर्माणकर्ता के मौजूद न रहने के कारण निगम की टीम ने 27 अगस्त को मौके पर ही नोटिस चस्पा (पेस्ट) कर दिया। निगम प्रशासन ने साफ चेतावनी दी है कि ध्वस्तीकरण की पूरी कार्रवाई में आने वाला खर्च भी संबंधित व्यक्ति से ही वसूला जाएगा और इस दौरान होने वाले किसी भी प्रकार के नुकसान की पूरी जवाबदारी निर्माणकर्ता की होगी।
